साली मुफ्तखोर – Mayank Saxena

गांव गए हो कभी नुक्कड़ पर छप्पर के नीचे सुबह से गांजा लगा कर जुआ खेलते 9 पुरुष आपस में बात करते हैं अपनी औरतों से बेहद परेशान कहते हैं कल साली को खूब मारा आज कल हरामखोर हो गई है काम में मन नहीं लगता है साली मुफ्तखोर दो पड़े हैं देखो कैसे सुबह से लगी है खेत में काम पर अब देखो मुन्ना … Continue reading साली मुफ्तखोर – Mayank Saxena

जिसने अन्याय के ख़िलाफ आवाज़ बुलंद की, उसे चारों खाने चित कर दिया गया

एस. अकीला ने सन टीवी बतौर न्यूज़ एंकर/न्यूज़ प्रोड्यूसर दिसंबर 2011 में ज्वाइन किया था। लेकिन जबसे उन्होंने नौकरी शुरू की है, तभी से चैनल के मुख्य संपादक वी. राजा और रिपोर्टरों के कोऑर्डिनेटर वेत्रीवेंधन उनपर अनैतिक प्रस्ताव का दबाव बना रहे हैं। उनके मुताबिक चैनल में स्थायी नौकरी और तनख्वाह में अच्छी बढ़ोतरी ‘समझौतों’ पर निर्भर करती है। हालांकि इस तरह की अनैतिक मांग … Continue reading जिसने अन्याय के ख़िलाफ आवाज़ बुलंद की, उसे चारों खाने चित कर दिया गया