रोहित वेमुला को दबाने के लिए JNU किया गया था. गुजरात को दबाने के लिए क्या होगा? – Dilip Mandal

निर्बल को न सताइये, जाकी मोटी हाय | मरे जीव के चाम से, लोह भस्म हो जाय || मेरे गुरु कबीर साहेब यह लिख गए हैं. आप पढ़ते नहीं तो गलती आपकी. अब भुगतिए. रोहित वेमुला को दबाने के लिए JNU किया गया था. गुजरात को दबाने के लिए क्या होगा? आप सब अनुभवी लोग हैं. अंदाजा लगाइए. मेरा सूत्र यह है कि जो भी … Continue reading रोहित वेमुला को दबाने के लिए JNU किया गया था. गुजरात को दबाने के लिए क्या होगा? – Dilip Mandal

स्वच्छ भारत सिर्फ दलितों की जिम्मेदारी नहीं है, अब साफ करो संघियों – Dilip Mandal

अभी-अभी विश्व हिंदू परिषद, गुजरात प्रदेश ने गाय की खाल उतार रहे दलितों पर अत्याचार की निंदा की है…. कड़े शब्दों में.  मोहन भागवत अपनी गोमाता का अंतिम संस्कार कर लें, फिर इस पर विचार किया जा सकता है. विश्व हिंदू परिषद को मालूम है कि जिस दिन दलितों और पिछड़ों ने गुलामी छोड़ दी उस दिन सवर्ण हिंदू अल्पसंख्यक हो जाएंगे. मुसलमानों से तीन … Continue reading स्वच्छ भारत सिर्फ दलितों की जिम्मेदारी नहीं है, अब साफ करो संघियों – Dilip Mandal

गाय और दलित-मुसलमान एकता! – Dilip Mandal

ये खालिद, अनीस, नदीम और अजमल नहीं हैं. ये हैं रमेश, अशोक, बेचार और विश्राम.   मामला वही गोरक्षक तालिबानियों का आतंक. तस्वीर में पीछे गुजरात में ऊना का पुलिस स्टेशन देखिए और RSS तथा BJP के नाम लानत भेजिए. ये राष्ट्रीय एकता के दुश्मन हैं. गाय का चमड़ा छीलने का जातीय पेशागत काम करने वाले ये चारों युवक दलित हैं. पीटने वाले सवर्ण गुंडे … Continue reading गाय और दलित-मुसलमान एकता! – Dilip Mandal

Can you not give the media a right to question you Prime Minister? – Mohan Deep

To Mr Narendra Modi, The Prime Minister of India. Respected Sir, Now that it is clear that Mr Arnab Goswami of ‘Times Now’ had ‘Conditions Apply’ to his freedom to interview you and also that you’re more keen to talk uninterrupted on ‘Mann Ki Baat’ I mention the President of USA, the oldest democracy in the world and his record of giving one to one … Continue reading Can you not give the media a right to question you Prime Minister? – Mohan Deep

पत्रकारिता के ‘चारणयुग’ में अंजना ओम कश्यप के राजनाथ से सवाल !

तमाम शहरों और सूबों की राजधानियों में ऐसे कुछ पत्रकार पाये जाते हैं जिनका काम डीएम से लेकर सीएम तक की प्रेसकान्फ्रेंस को हल्का-फुल्का बनाना होता है। मसलन वे बड़ी मासूमियत से कुछ इस तरह के सवाल पूछते हैं- “सर, आप पर इतना बोझ है, आखिर आपमें इतना स्टैमिना कहाँ से आता है ?” “आप पर ऐसे-ऐसे आरोप लगते हैं, लेकिन आप हमेशा मुस्कराते कैसे रहते हैं ?” “आपको … Continue reading पत्रकारिता के ‘चारणयुग’ में अंजना ओम कश्यप के राजनाथ से सवाल !

संघियों को तो भारत की सत्ता पर कब्ज़ा करना है – Himanshu Kumar

संघियों को तो भारत की सत्ता पर कब्ज़ा करना है उसके लिये ये संघी झूठ , फरेब , धोखा, माफी, हत्या , दंगा, अफवाह का खुले आम इस्तेमाल करते हैं मुजफ्फरनगर , कैराना ,नेहरू , गांधी , किसी भी मुद्दे पर आप संघियों का झूठ आराम से पकड़ सकते हैं व्हाट्‌स एप पर नेहरू की एक फोटो फैलाई जा रही है इस फोटो मैं नेहरू … Continue reading संघियों को तो भारत की सत्ता पर कब्ज़ा करना है – Himanshu Kumar

बारिश किस चिड़िया का नाम?:जल-संकट-2 (साबलखेड़-योगिता के गांव)

हम सबको बारिश बहुत अच्छी लगती है न! सिनेमा के परदे पर जब नायक बारिश में भीगता हुआ नायिका के सामने प्रेम-प्रस्ताव रखता है, हम उसमें अपने-आप को ढूंढने लगते हैं. अगर आप उत्तर भारतीय हैं तो याद कीजिये कितनी दफ़ा बारिश में नहाये हैं, कितनी दफ़ा बारिश के जमा पानी में कागज़ के नाव बनाकर तैरा चुके हैं. मतलब कि आपने बारिश के बगैर … Continue reading बारिश किस चिड़िया का नाम?:जल-संकट-2 (साबलखेड़-योगिता के गांव)